7 Effective Yoga for Varicose Veins in Hindi (योगा फॉर वैरिकोज वेन्स)

Show Some Love By Sharing!

योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi) : शारीरिक समस्याएं कई प्रकार की हैं और इनमें से कुछ समस्याओं को अक्सर अनदेखा कर दिया जाता है। उनमें से एक वैरिकोज वेन्स है। पैरों पर उभरी टेढ़ी-मेढ़ी और रंगीन नसें का होना या क्या आपने कभी गौर किया है कि आपके पैर या किसी अन्य हिस्से की नस अचानक सूज जाती है। इस तरह की नस को वैज्ञानिक भाषा में वैरिकोज वेन्स कहा जाता है, जिसे वैरिकोसिटिस के रूप में भी जाना जाता है।

यह समस्या तब होती है जब नस पतली हो जाती है और रक्त से भर जाती है यानी ब्लाक हो जाती हैं। ये आमतौर पर पैरों में होती हैं, लेकिन शरीर के अन्य हिस्सों में भी हो सकते हैं। वैरिकाज़ नसों आमतौर पर सूजन या त्वचा पर उभरी हुई दिखाई देती हैं।

यह लाल, नीले और बैंगनी रंग में हो सकती है। इस लिए आज हम आपके लिए यह लेख लाये है योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi) इस लेख में हम आपको बताएंगे की वो कौन कौन से योग है जो इस समस्या से राहत दिला सकते है।

योगा फॉर वैरिकोज वेन्स इन हिन्दी (Yoga for Varicose Veins in Hindi):

  1. ताड़ासन योग (Tadasana)
  2. उत्तानासन योग (Uttanasana)
  3. सर्वांगासन योग (Sarvangasana)
  4. नावासन योग (Navasana)
  5. विपरीत करनी योग (Viparita Karani)
  6. मत्स्यासन योग (Matsyasana)
  7. पवनमुक्तासन योग (Pawanmuktasana)

वैरिकोज वेन्स के लिए योग - योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)
वैरिकोज वेन्स के लिए योग – योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)

योग के माध्यम से पूरे शरीर को स्वस्थ रखा जाता है। लेकिन अगर आप वैरिकोज वेन्स की समस्या को लेकर परेशान हैं और कई तरह के उपाय करने से थक गए हैं, तो यहाँ बताएं गये योगसनो का नियमित रूप से का अभ्यास करें। योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi) निम्नानुसार हैं:

(यह भी पढ़े – (Varicose Veins in Hindi): वैरिकोज वेन्स क्या है?, प्रकार, लक्षण, कारण, इलाज, परीक्षण और रोकथाम)

1. ताड़ासन योग (Tadasana Yoga for Varicose Veins in Hindi):

कैसे लाभदायक है –

यह योग सबसे शुरूआती योग आसनों में से एक है जब आप इस आसन का अभ्यास करते हुए शरीर को ऊपर की ओर उठाते हैं तो पैरों की समस्याओं जैसे घुटनों के दर्द या सूजन, दर्द, सुन्नता, जलन और झुनझुनी के लिए ताड़ासन योग बहुत फायदेमंद है। इसके रोज अभ्यास से जांघों, घुटनों और टखने मजबूत होते है। यदि आपकी नसों या मांसपेशियों में दर्द है, तो आपको ताड़ासन योग करना चाहिए इसके अभ्यास से आपको बहुत फायदा होगा।

वैरिकोज वेन्स के लिए योग - योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)
वैरिकोज वेन्स के लिए योग – योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)

तड़ासन योगा फॉर वैरिकोज वेन्स में कैसे किया जाता है –

  • एक साफ और खुली जगह चुनें और योग मैट, दरी या कंबल बिछा कर उस पर खड़े हो जाये।
  • अब पैरों और कमर को सीधा करके योगा मैट पर खड़े हो जाएं।
  • सीधे खड़े होकर पैरों के बीच कुछ दूरी रखें।
  • अपने दोनों हाथों को अपने शरीर के करीब रखें।
  • अब गहरी सांस लें, अपनी दोनों बाहों को सिर से ऊपर उठाएं और अपनी उंगलियों को एक साथ बांध लें।
  • अब अपने हाथ सीधे रखें और स्ट्रेच करें, इस दोरान आपकी हथेलियों की दिशा आकाश की तरफ होनी चाहिए।
  • अब आपको अपनी एड़ी ऊपर करते हुए अपने पेरो की उंगलियों पर खड़े होना है।
  • इस दौरान आपके शरीर को पैरों से लेकर हाथों की उंगलियों तक खिंचाव महसूस करना चाहिए।
  • अब 10 सेकंड तक इस पोजीशन में रहें और सांस लेते रहें।
  • फिर सांस छोड़ते हुए शुरु की अवस्था में आ जाएं और इस आसन को कम से कम 10 बार जरुर दोहराएं।

(यह भी पढ़े – झड़ते बालों के लिए आयुर्वेदिक उपाय (10 Effective Hair Fall Solution in Ayurveda in Hindi))

2. उत्तानासन योग (Uttanasana Yoga for Varicose Veins in Hindi):

कैसे लाभदायक है –

यह योगासन आपकी जांघें और घुटने मजबूत बनाता हैं। यह आसन पूरे शरीर में रक्त के संचार को बढ़ाता है। जिससे आपके पैरों को एक अच्छा खिंचाव मिलता है, विशेष रूप से जांघों और पिंडलियों को, जो वैरिकाज़ नसों के संभावित क्षेत्र होते हैं। इस आसन के नियमित अभ्यास से पैरों में दर्द कम हो जाता है।

वैरिकोज वेन्स के लिए योग - योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)
वैरिकोज वेन्स के लिए योग – योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)

उत्तानासन योगा फॉर वैरिकोज वेन्स में कैसे किया जाता है –

  1. उत्तानासन योग में आगे की ओर झुकते हुए कदमों को छुना होता है, जिसमे आपको निचे बताई गयी विधि का उपयोग करना आवश्यक है –
  2. अब जब आप ताड़ासन के बारे में जान चुके है तो ताड़ासन योग करने के लिए सबसे पहले अपने पैरों की मदद से सीधे खड़े हो जाएं। फिर एक गहरी साँस ले, और अपनी बाहों को ऊपर की ओर बढ़ाएं।
  3. अपने धड़ को लंबा करते हुए 90 डिग्री के कोण पर थोड़ा आगे झुकते हुए साँस छोड़ें।
  4. अब अपनी हथेलियों को जमीन से टिकाएं और अपने हाथों से पैरों को स्पर्श करें।
  5. इसके बाद अपने धड़ को इस तरह मोड़ें कि आपका धड़ और छाती आपकी जांघों को छुए।
  6. अब 50-60 सेकंड के लिए इस मुद्रा में रहे फिर सीधे खड़े हो जाये।

(यह भी पढ़े – हेल्दी लाइफ के लिए योग और प्राणायाम [10 Effective Pranayama And Yoga for Good Health in Hindi])

3. सर्वांगासन योग (Sarvangasana Yoga for Varicose Veins in Hindi):

कैसे लाभदायक है –

वैरिकाज़ नस एक समस्या है, जिसमें पैरों की नसें मोटी हो जाती हैं और त्वचा पर उभरी हुई दिखाई देती है सर्वांगासन में, जब पैर उठाए जाते हैं, तो रक्त की वापसी में वैरिकाज़ नस की समस्या से राहत दिलाती है। यह आसन पैरों को भी बहुत आराम देता है।

वैरिकोज वेन्स के लिए योग - योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)
वैरिकोज वेन्स के लिए योग – योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)

सर्वांगासन योगा फॉर वैरिकोज वेन्स में कैसे किया जाता है –

  1. सबसे पहले स्वच्छ खुले वातावरण में एक योग मैट बिछा लें।
  2. जिससे इस आसन को करते समय शरीर को स्वच्छ ऑक्सीजन मिले।
  3. अब इस आसन को करने के लिए योग मैट पर पीठ के बल लेट जाएं।
  4. दोनों हाथ और पैर सीधे जमीन पर होने चाहिए।
  5. हथेलियों को जमीन की तरफ रखें ,और दोनों पैर एक दूसरे से सीधे सटे होने चाहिए।
  6. अब धीरे-धीरे सांस लेते हुए दोनों पैरों, कूल्हों और कमर को धीरे-धीरे ऊपर की तरफ उठाएं।
  7. अब अपनी कमर और पीठ को ऊपर की ओर उठाने के लिए दोनों हाथों की कोहनी को जमीन पर रखें और हथेलियों से अपनी कमर को सहारा दें।
  8. ध्यान रहे कि इसको करते समय आपके दोनों पैर सीधे रहें, अपने घुटनों को मोड़ने न दें।
  9. इस आसन में शरीर का पूरा भार कंधों और सिर पर होगा।
  10. इसे करते समय ठोड़ी को छाती से स्पर्श कर के रखें।
  11. अपने कंधे से कोहनी तक के क्षेत्र को जमीन के करीब रखें और अपने चेहरे को आकाश या पैरों के अंगूठे की ओर रखें।
  12. अपने शरीर को स्थिर करें और अपनी क्षमता के अनुसार कुछ देर तक इस मुद्रा में बने रहें।
  13. सांस को सामान्य रखें।
  14. सर्वांगासन से बाहर आने के लिए, कमर और पैरों को धीरे-धीरे नीचे लाएं और अपने हाथों को जमीन पर रखें।
  15. अपनी प्रारंभिक अवस्था में आ जाएं।

(यह भी पढ़े – सिल्की बालों के लिए शैम्पू (Silky Balo Ke Liye Shampoo in Hindi))

4. नावासन योग (Navasana Yoga for Varicose Veins in Hindi) :

कैसे लाभदायक है –

जब आप इस आसन का अभ्यास करते हैं, तो आपके पैर ऊपर की ओर जाते हैं। इसलिए, रक्त ऊपर की ओर बहता हैं जिससे नसों पर दबाव कम हो जाता है। यह आपके हार्मोन के लिए अच्छा योगासन (Yoga for Varicose Veins in Hindi) है। यह पूरे शरीर के सिस्टम को मजबूत करता है पाचन, मांसपेशियों, संचार, हार्मोनल और तंत्रिका तंत्र को स्वस्थ बनाता हैं। यह नसों और धमनियों में अतिरिक्त वसा को जलाकर ब्लोक नसों में रक्त परिसंचरण में सुधार करने में मदद करता है।

वैरिकोज वेन्स के लिए योग - योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)
वैरिकोज वेन्स के लिए योग – योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)

नावासन योगा फॉर वैरिकोज वेन्स में कैसे किया जाता है –

  1. सबसे पहले, आपको पीठ के बल लेटने की जरूरत है।
  2. श्वास लें और अपने शरीर को 30 डिग्री तक ऊपर उठाएं ताकि आप आसानी से आँखों से पैर की उंगलियों को देख सकें।
  3. हथेलियों को जांघों पर रखें।
  4. यथासंभव लंबे समय के लिए इस विशेष मुद्रा में बने रहें।
  5. प्रारंभ में, आप इसे 20 सेकंड के लिए कर सकते हैं और फिर अपना समय 2 मिनट तक बढ़ा सकते हैं।
  6. सुनिश्चित करें जब आप इस मुद्रा को बनाए रखते हैं, तो नाभि क्षेत्र में खिंचाव महसूस होना चाहिये।
  7. अब गहरी सांस छोड़ते हुए और आराम करते हुए शरीर को नीचे लाएं।
  8. श्वास और श्वास को धीरे-धीरे छोड़ें जब आप मुद्रा बनाए रखें।

(यह भी पढ़े – डिप्रेशन के लिए योग और प्राणायाम)

5. विपरीत करनी योग (Viparita Karani Yoga for Varicose Veins in Hindi):

कैसे लाभदायक है –

विपरीत करनी योग से कई तरह की शारीरिक और मानसिक समस्याओं से छुटकारा पाया जा सकता है यह पैर की मांसपेशियों को खिचाव देता है। यह वैरिकाज़ नसों के कारण में बहुत मदद करता है। यह आसन आपके पैरों के लिए बेहद आरामदायक है। पैरों की थकान को इससे बहुत फायदा होता है। यह रक्त परिसंचरण को बढ़ाता है और विषाक्त पदार्थों और अन्य उत्पादों को बाहर निकालता है।

वैरिकोज वेन्स के लिए योग - योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)
वैरिकोज वेन्स के लिए योग – योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)

विपरीत करनी योगा फॉर वैरिकोज वेन्स में कैसे किया जाता है –

  1. अपनी योग चटाई बिछा कर उस पर लेट जाये।
  2. अगर आप सहज महसूस न करे तो आप अपनी कमर पर कम्बल या तकिया लगा सकते है और अब सामान्य रूप से सांस लें।
  3. अब धीरे धीरे अपनी टांगो को ऊपर की ओर उठाये और जब टांगो से 45° कोण बन जाये तब अपनी कमर को हाथो से सहारा देते हुए अपने हिप्स को ऊपर उठाए जब तक वह एकदम सीधी ऊपर नही हो जाती।
  4. यह सुनिश्चित करे की आपकी कोहनियाँ जमीन पर हो और आपकी कमर को अच्छे से सहारा दे रहे हो।
  5. अपने पैरों को अपेक्षाकृत मजबूत रखें, बस उन्हें जगह में लंबवत रखने की कोशिश करे।
  6. गहरी सांस लेते रहें और अपनी सहूलियत के अनुसार इस स्थिति में रहें।
  7. शुरुआत में 30 – 60 सेकंड तक करें।
  8. स्वास्थ्य लाभ के लिए इस योग आसन का अभ्यास हर दिन 3 से 5 मिनट पर्याप्त है। हालांकि आध्यात्मिक लाभ के लिए योगी 15 मिनट तक कर सकते हैं।

(यह भी पढ़े – नॉर्मल डिलीवरी के लिए योग)

6. मत्स्यासन योग (Matsyasana Yoga for Varicose Veins in Hindi):

कैसे लाभदायक है –

मत्स्यासन योग “सभी रोगों का शत्रु” है। मत्स्यासन मुद्रा रक्त परिसंचरण का प्रबंधन करती है। मत्स्यसाना वैरिकाज़ नसों के उपचार के लिए सबसे अच्छे योग में से एक है। यह सामूहिक रूप से कई प्रणालियों पर काम करता है। यह आपके पैरों को फैलाता है और तनाव और ऐंठन से राहत देता है। इससे आपके पैर शिथिल होते हैं, और पूरे शरीर में रक्त प्रवाह नियंत्रित होता है।

वैरिकोज वेन्स के लिए योग - योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)
वैरिकोज वेन्स के लिए योग – योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)

मत्स्यासन योगा फॉर वैरिकोज वेन्स में कैसे किया जाता है –

  • सबसे पहले अपनी योग चटाई बिछा कर उस पर दंडासन मुद्रा में बैठें।
  • सांस लेते हुए दोनों पैरों को उठाकर पद्मासन मुद्रा में ले आएं।
  • अब धीरे-धीरे पीठ को पीछे की ओर ले जाएं। जमीन पर कोहनी को टीकाकर अपने धड़ को सहारा दे।
  • सुनिश्चित करें कि शरीर का वजन कोहनी पर हो न कि सिर पर। जैसे ही छाती को उठाया जाता है, कंधे के ब्लेड को दबाने का प्रयास करें।
  • अब गर्दन को लम्बा करते हुए सिर को जमीन की ओर झुकाएं और अपने पीठ और सिर को तब तक झुकाते रहें जब तक सिर जमीन से न छू जाए।
  • अब अपने हाथों को ऊपर उठाएं और हाथों से अपने पैरो के अंगूठे को पकड़ें।
  • अब अपनी दृष्टि को नाक पर बनाये रखें। यदि आपको ऐसा करने में कठिनाई होती है, तो आप अपनी दृष्टि को संतुलित भी रख सकते हैं।
  • अपनी क्षमता के अनुसार, इस मुद्रा में 1 से 2 मिनट तक रहें।
  • फिर मुद्रा से बाहर आने के लिए धीरे-धीरे पैरों को वापस प्रारभिक मुद्रा में लाएं। इस योग के प्रारंभ में कम समय लें (कम से कम 30 सेकंड भी पर्याप्त है) और धीरे-धीरे अभ्यास का समय बढ़ाएं।

(यह भी पढ़े – पॉलिसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम PCOS के लिए योगा)

7. पवनमुक्तासन योग (Pawanmuktasana Yoga for Varicose Veins in Hindi):

कैसे लाभदायक है –

जब इस योग आसन का अभ्यास किया जाता है तब हाथों व पैरों की मासपेशियों में स्ट्रेचिंग मिलती है जिससे यह हमारे हाथो और पैरो को मज़बूत बनाता है। यह पैरों से ऐंठन और थकान से भी छुटकारा दिलाता है। यह कूल्हों और घुटनों में मांसपेशियों और जोड़ों को ढीला करने में मदद करता है।

वैरिकोज वेन्स के लिए योग - योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)
वैरिकोज वेन्स के लिए योग – योगा फॉर वैरिकोज वेन्स (Yoga for Varicose Veins in Hindi)

पवनमुक्तासन योगा फॉर वैरिकोज वेन्स में कैसे किया जाता है –

  • सबसे पहले अपनी योग चटाई पर पीठ के बल सीधे लेट जाएं।
  • अपने घुटनो को मोड़ें और अपनी जाँघों को छाती की ओर लाएँ।
  • घुटनों के ठीक नीचे दोनों हाथों की उंगलियों को एक-दूसरे से आपस में फंसा कर पकड़ें ले।
  • अब “पवनमुक्तासन” अथार्त  एक गहरी श्वास भर कर बहार छोड़ें।
  • अब सांस छोड़ते हुए हुए दोनों घुटनों को दबा कर जितना संभव हो सके छाती की तरफ लाएं।
  • अपने सिर को जमीन से ऊपर उठाएं और नाक को घुटने से छूने का प्रयास करेंगे।
  • अब 30 सेकेंड तक इसी मुद्रा में थोड़ी देर रुके रहें और लंबी गहरी साँसे लेते रहें।
  • अपने पैरों को खिंच कर रखे और एड़ियो को कुल्हे से लगा कर पैरों के पंजो को निचे की तरफ तने हुए रखें।
  • फिर धीरे-धीरे साँस छोड़ते हुए सिर और पैरों को पहले की स्थिति में लाएं।
  • पवनमुक्तासन के सभी चरणों के साथ अपनी ओर से कोई बदलाव न करें। गैस को पाचन तंत्र से बाहर निकालने के लिए इस आसन के सभी चरणों का क्रमबद्ध अभ्यास करना महत्वपूर्ण है।

आशा है इन सभी योगासनों को जान ने के बाद आपको कभी यह नहीं बोलना पड़ेगा की योगा फॉर वैरिकोज वेन्स इन हिंदी (Yoga for Varicose Veins in Hindi) क्या होते है।

यह भी पढ़े –

उम्मीद है आपको हमारा यह लेख योगा फॉर वैरिकोज वेन्स इन हिंदी (Yoga for Varicose Veins in Hindi) पसंद आया होगा ,अगर आपको भी योगा फॉर वैरिकोज वेन्स इन हिंदी (Yoga for Varicose Veins in Hindi) के बारे में पता है तो आप हमे कमेंट बॉक्स में लिख कर जरूर बताये।

और अगर आपके घर परिवार में भी कोई योगा फॉर वैरिकोज वेन्स इन हिंदी (Yoga for Varicose Veins in Hindi) के बारे में जानना चाहते है तो आप उन्हें भी यह लेख भेजे जिस से उन लोगो को भी योगा फॉर वैरिकोज वेन्स इन हिंदी (Yoga for Varicose Veins in Hindi) के बारे में पता चलेगा।

हमसे जुड़े रहने के लिए आप हमारे साइट को सब्सक्राइब कर सकते है, जिस से आपको हमारे लेख सबसे पहले पढ़ने को मिलेंगे। वेबसाइट को सब्सक्राइब करने के लिए आप निचे दिए गए बेल्ल आइकॉन को प्रेस कर अल्लोव करे, अगर आपने हमे पहले से ही सब्सक्राइब कर रखा है तो आपको यह बार बार करने की कोई आवश्यकता नहीं है।

Leave a comment

error: Content is protected !!
×